hindi sahitya
गुरुवार, 13 सितंबर 2012
आज sms नहीं, तुम्हे एक ख़त लिखूँ ,.....
सोचा आज sms नहीं, तुम्हे एक ख़त लिखूँ ,
आज का love नहीं, वही पुरानी उलफ़त लिखूँ ,
दूँ ढ़ेर सारी दुआएँ और, माँ दें तुम्हे
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