hindi sahitya
मंगलवार, 11 दिसंबर 2012
नन्हीं गौरैया
आँगन आती
बच्चों की थी लाडली
चीं–चीं गौरैया
घर–घर में जाती
बाजरा खाती
पानी पी, उड़ जाती
फुर्र गौरैया
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