hindi sahitya
सोमवार, 10 सितंबर 2012
पल भर का करार _______________
तू छुपी है कहां सनम? तू यादगार यहां
महरूमी किस्मतका मारा, बेक़ारार यहां
फासले कितने! खामोशी कैसी ! रहम कर
बीती
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