hindi sahitya
बुधवार, 12 दिसंबर 2012
रिश्तों की डोर(हाइकु)
डॉ सुधा गुप्ता
1
रिश्तों की डोर
लिपट जाए मन
खुल न पाए
पशु-पक्षी -मानव
सबको ही लुभाए ।
2
भोर में आती
गाती ,
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