मंगलवार, 8 दिसंबर 2015

त्रिवेणी-2

ईश्क़ छिपता नहीं छुपाने से
लोग कहते हैं ईश्क़ है वो मुश्क़।

पर वो कहती है जानती ही नहीं॥

परवेज़ ‘ईश्क़ी’

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